पांच स्थानों पर हाथियों की सक्रियता से ग्रामीणों को खतरा

कोरबा 06 जुलाई। जिले के कोरबा एवं कटघोरा वनमंडल में बड़ी संख्या में हाथियों के जंगल में विचरण करने से ग्रामीणों को खतरा बना हुआ है। क्षेत्र में मानसूनी बारिश के बाद ग्रामीण अब घरों से निकलकर धान की बोआई करने अपने खेतों में पहुंच रहे हैं। कई ग्रामीणों के खेत जंगल के बीचोबीच स्थित है। ऐसे में हाथी प्रभावित गांव के ग्रामीणों को काफी सतर्कता बरतनी पड़ रही है। साथ ही उनको खतरा भी बना हुआ है।
जानकारी के अनुसार कटघोरा वनमंडल के जटगा, एतमानगर व केंदई रेंज में इस समय 4 दर्जन हाथी तीन अलग-अलग झुंडों में विचरण कर रहे हैं। जिनमें से 4 हाथियों का दल जटगा के मेढ़उड़ पहाड़ पर है जबकि 16 हाथी मड़ई सर्किल में पहुंच गए हैं। वहीं 18 हाथी केंदई रेंज के मातिन क्षेत्र में सक्रिय हैं। इधर कोरबा वनमंडल के कुदमुरा तथा करतला रेंज में एक दर्जन हाथी सक्रिय हैं। इनमें से एक दर्जन हाथी कुदमुरा के जंगल में कक्ष क्रमांक 1140 पर अकेले घूम रहा है जबकि 11 हाथी करतला रेंज अंतर्गत पीडिया क्षेत्र में विचरणरत हैं। दोनों ही वनमंडल में मौजूद हाथियों ने अभी कोई बड़ा नुकसान नहीं पहुंचाया है लेकिन इसकी संभावना को देखते हुए अमला लगातार निगरानी में जुटा हुआ है। हाथियों की मौजूदगी वाले क्षेत्रों में मुनादी कराकर ग्रामीणों को सतर्क करने का काम लगातार जारी है।
