भारी बारिश से बालको मार्ग सहित रिहायशी इलाके लबालब, आवागमन के साथ बढ़ी चुनौतियां

कोरबा 06 जुलाई। अषाढ़ के पहले सप्ताह में ही मौसम के रंग में जहां खेती-बाड़ी से जुड़े लोगों को खुश कर दिया है तो प्रचंड वर्षा के चक्कर में जन सामान्य के लिए समस्याएं खड़ी हो रही है। रविवार से शुरू हुई बारिश का क्रम बदस्तूर जारी है। मौसम विभाग की भविष्यवाणी के हिसाब से बारिश के रूख के कारण बालको मार्ग सहित कई आवासीय क्षेत्र लबालब हुए। जबकि निचली बस्तियों में पानी घुसने से लोगों के सामने मुश्किलें आ गई।

कोरबा से बालकोनगर जाने वाले मार्ग पर चेकपोस्ट, नेहरू नगर, भदरापारा और परसाभाठा के कुछ इलाके की तस्वीरें देखकर ऐसा लगा मानो यहां नए सिरे से नदी या तालाब बन गए हैं। हालांकि कि कुछ हिस्से में सडक ठीक होने से अनुमान लगाना सहज हो रहा है जबकि गड्ढे वाले रास्तों में जलजमाव होने के कारण लोग आवाजाही करने से बच रहे हैं। वजह यह है कि छोटी-बड़ी गाडियां फंसने के साथ तकनीकी रूप से खराब हो सकती है। वहीं लोगों के सामने दुश्वारियां भी खड़ी हो सकती है। पिछले वर्ष भी शांतिनगर इलाके में जलजमाव की परेशानी हुई थी और महापौर को गिरते बारिश में यहां पहुंचकर लोगों की पीड़ा को साझा करना पड़ा था। 365 दिन गुजरने के बाद भी चुनौती यथावत है और एक बार फिर ऐसे कई क्षेत्रों में बरसाती पानी की निकासी न होने के कारण लोग परेशान रहे।

बालकोनगर के अलावा कोरबा के कुआंभऋा, कांशीनगर, मुड़ापार बायपास और राताखार से लेकर इमलीडुग्गू में स्लम इलाका मौसम के तेवर से प्रभावित बना हुआ है। यहां गैर नियोजित निर्माण और अन्य कारणों से बरसाती पानी की बड़ी मात्रा रिहायशी क्षेत्रों या इसके आसपास प्रवेश कर गए। अनेक मकानों में पानी के घुसने से सामानों को नुकसान हुआ तो लोगों को घर से बाहर निकलने के लिए दूसरे तरीके अपनाने पड़े। कहा जा रहा है कि अषाढ़ के प्रारंभिक दिनों में इस प्रकार की स्थिति है तो आगे क्या होगा जब बारिश के और भी नमूने देखने मिलेंगे।

Spread the word