बोले सो निहाल: कोरबा की सड़कों पर उतरा शौर्य और श्रद्धा का संगम, गुरु गोबिंद सिंह जी के प्रकाश पर्व पर भव्य नगर कीर्तन

कोरबा 4 जनवरी 2026: सिख धर्म के दसवें गुरु, साहिब श्री गुरु गोबिंद सिंह जी के 359वें प्रकाश पर्व के अवसर पर शनिवार को ऊर्जाधानी कोरबा भक्ति और उत्साह के रंग में सराबोर नजर आई। स्थानीय गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी द्वारा आयोजित भव्य नगर कीर्तन (शोभायात्रा) ने पूरे शहर को गुरु की महिमा से गुंजायमान कर दिया।
पंच प्यारों की अगुवाई में निकली शोभायात्रा

इतवारी बाजार गुरुद्वारा से शोभायात्रा का शुभारंभ गुरुद्वारा साहिब से अरदास के साथ हुआ। फूलों से सजी विशेष पालकी साहिब में ‘श्री गुरु ग्रंथ साहिब’ विराजमान थे, जिनकी छत्रछाया में पंच प्यारों ने पूरे नगर कीर्तन की अगुवाई की। मार्ग में जगह-जगह श्रद्धालुओं ने पालकी साहिब पर पुष्प वर्षा की और मत्था टेककर आशीर्वाद प्राप्त किया, शोभायात्रा टीपी नगर स्थित गुरुद्वारा पहुंची।
गतका दलों ने दिखाए हैरतअंगेज करतब

इस वर्ष के नगर कीर्तन का मुख्य आकर्षण विशेष गतका दल रहे। सिख मार्शल आर्ट ‘गतका’ का प्रदर्शन करते हुए युवाओं और बच्चों ने अपनी शस्त्र कला से सभी को दांतों तले उंगली दबाने पर मजबूर कर दिया। हवा में लहराती तलवारें, ढाल और लाठियों के प्रदर्शन ने गुरु गोबिंद सिंह जी के वीर योद्धा स्वरूप की याद दिला दी।
सेवा और भक्ति का अनूठा दृश्य
- सेवा: शोभायात्रा के आगे-आगे श्रद्धालु झाड़ू लगाकर सड़क साफ करते और मार्ग में पानी का छिड़काव करते चल रहे थे।
- लंगर और प्रसादी: शहर के विभिन्न चौराहों पर सामाजिक संगठनों और श्रद्धालुओं द्वारा स्टॉल लगाकर चाय, नाश्ता, फल और प्रसादी का वितरण किया गया।
- कीर्तनी जत्था: रागी जत्थों द्वारा गुरुवाणी के कीर्तन से वातावरण पूरी तरह आध्यात्मिक हो गया।
इस आयोजन में न केवल सिख समाज बल्कि सर्व समाज के लोग बड़ी संख्या में शामिल हुए, जो आपसी भाईचारे की मिसाल बना। सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन का भी पुख्ता सहयोग रहा।
