खिलौने की आड़ में जाली नोटों का बड़ा खुलासा, आरोपी गिरफ्तार प्रिंटर जब्त

कोरबा, 23 अक्टूबर। खिलौने बेचने वाले एक बालक के पास से पुलिस ने 200 रुपये के 15 जाली नोट, कुल 3000 रुपये जब्त किए हैं। ये नोट देखने में फोटोकापी जैसे लग रहे थे, जिससे उनके असली होने पर संदेह हुआ और मामला पुलिस तक पहुंचा। सिविल लाइन रामपुर पुलिस ने बालक को सुभाष चौक के पास पकड़ा।

पूछताछ में उसने मानस नगर निवासी अभिषेक शर्मा उर्फ सिक्कू से नोट मिलने की बात बताई। इसके बाद पुलिस ने अभिषेक को गिरफ्तार कर लिया। आरोपित की निशानदेही पर एक प्रिंटर भी जब्त किया गया है। मुखबिर से सूचना मिली थी कि मानस नगर क्षेत्र में रहने वाला बालक खिलौने बेचता है और उसके पास 200 रुपये के जाली नोट हैं, जिन्हें वह बाजार में चलाने का प्रयास कर रहा है।
पुलिस ने सूचना के आधार पर कार्रवाई की। पूछताछ में बालक ने बताया कि अभिषेक ने उसे नोट दिए थे। उसने एक नोट चलाने का प्रयास किया था, जबकि बाकी 15 जाली नोट उसके पास मिले। बालक से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने अभिषेक की पतासाजी की।

उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर उसे जाली नोट उपलब्ध कराने के आरोप में गिरफ्तार किया गया। अभिषेक शर्मा 24 वर्ष, निवासी हनुमान मंदिर के पास, मानस नगर चौकी सीएसईबी को गिरफ्तार किया गया। उसके विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता की धारा 179, 180 एवं 3(5) के तहत कार्रवाई की गई है। न्यायालय में पेश करने के बाद उसे दो नवंबर तक न्यायिक रिमांड पर भेजा गया। विधि से संघर्षरत बालक को किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष प्रस्तुत किया गया।

पुलिस ने इस मामले में प्रिंटर जब्त किया है, लेकिन यह स्पष्ट नहीं किया है कि जाली नोट किसने छापे और कहां तैयार किए गए। प्रिंटर की बरामदगी से यह साबित नहीं होता कि जब्त नोट उसी मशीन से छापे गए थे। नोटों की छपाई में किसकी भूमिका रही और वे बाजार तक कैसे पहुंचे, यह जांच होना भी अभी शेष है।

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