होर्मुज में ‘डिजिटल युद्ध’, ईरान इंटरनेट केबलों पर टैरिफ लेगा.!

तेहरान. ईरान अब होर्मुज स्ट्रेट पर सिर्फ तेल-गैस के जरिए दबदबा साबित नहीं करना चाहता, बल्कि वह समुद्र के नीचे बिछी इंटरनेट केबलों को भी ताकत के रूप में इस्तेमाल करने की कोशिश कर रहा है। ये वही केबलें हैं जिनके जरिए यूरोप, एशिया और खाड़ी देशों के बीच इंटरनेट, बैंकिंग और डिजिटल डेटा का बड़ा हिस्सा चलता है। ईरान ने संकेत दिए हैं कि वह होर्मुज के नीचे से गुजरने वाली इन सब-सी केबलों के इस्तेमाल के बदले गूगल, माइक्रोसॉफ्ट, मेटा और अमेजन जैसी कंपनियों से टैरिफ वसूलना चाहता है। ईरानी सैन्य प्रवक्ता इब्राहिम जुल्फाघरी ने कहा कि अगर कंपनियां टैरिफ नहीं देती तो इंटरनेट ट्रैफिक प्रभावित हो सकता है। इन केबलों के मरम्मत और रखरखाव का अधिकार केवल ईरानी कंपनियों को देने की बात भी सामने आई है। समुद्र के नीचे बिछी ये केबलें दुनिया के इंटरनेट सिस्टम की रीढ़ मानी जाती हैं। अगर इनमें रुकावट आती है तो असर सिर्फ इंटरनेट स्पीड पर नहीं बल्कि पूरी वैश्विक डिजिटल अर्थव्यवस्था पर पड़ सकता है।

भारत को हो सकता है अरबों डॉलर का नुकसान

सुरक्षा कारणों से ज्यादातर केबलें ओमान की तरफ से बिछाई गई हैं। लेकिन ‘फाल्कन’ और ‘जीबीआई’ नाम की दो अहम केबलें ईरान के समुद्री क्षेत्र से भी गुजरती हैं। अगर इन्हें नुकसान हुआ तो भारत के आईटी और आउटसोर्सिंग सेक्टर को अरबों डॉलर का नुकसान हो सकता है।

सऊदी में पाकिस्तान ने जेट, 8 हजार सैनिक भेजे

पाकिस्तान ने सऊदी अरब में अपने 8000 सैनिकों, लड़ाकू विमानों के एक स्क्वॉड्रन और एयर डिफेंस सिस्टम की तैनाती की है। यह कदम दोनों देशों के बीच मौजूद आपसी रक्षा समझौते के तहत उठाया गया है। सूत्रों के मुताबिक, यह तैनाती युद्ध के लिए तैयार बल के रूप में की गई है।

तेल प्रतिबंधों में ढील देगा यूएसः ईरान

ईरान ने सोमवार को दावा किया कि अमरीका शांति वार्ता के दौरान ईरानी कच्चे तेल पर लगे प्रतिबंधों में अस्थायी ढील देने को तैयार हो गया है। वार्ता दल के करीबी एक सूत्र ने यह जानकारी दी। वहीं, ईरान के विदेश मंत्रालय ने कहा कि कूटनीतिक रास्ते अभी बंद नहीं हुए हैं और पाकिस्तान की मध्यस्थता में जारी बातचीत अब भी चल रही है। ईरान किसी भी समझौते में ठोस सुरक्षा आश्वासन चाहता है। यूएई का नाम लिए बिना मंत्रालय ने कहा कि कुछ बाहरी तत्व क्षेत्र में हालात भड़काने की कोशिश कर सकते हैं।

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