हाथियों के दल ने परला, बरदापखना व बड़मार में मचाया उत्पातः फसलो को किया तहस-नहस, किसान पेरशान

कोरबा 23 सितंबर। खेतों में लगे धान फसल के बड़े होने और लहलहाने के साथ अब हाथी खेतों की ओर आकर्षित हो रहे हैं और वहां पहुंचकर फसल को या तो चट कर दे रहे हैं या पैरों तले रौंदकर तहस-नहस कर रहे हैं, जिससे हाथी प्रभावित गांव के ग्रामीण खासकर किसान वर्ग काफी परेशान हैं।
जिले के कटघोरा व कोरबा वनमंडल में इन दिनों बड़ी संख्या में हाथी करतला, कुदमुरा, पसान, एतमानगर, केंदई तथा जटगा रेंज में सक्रिय हैं। कटघोरा वनमंडल के पसान रेंज में सक्रिय 33 हाथियों का दल बीती रात रेंज के जल्के सर्किल के बरदापखना व परला पहुंच भारी उत्पात मचाया। इस दौरान हाथियों के दल ने दो दर्जन से अधिक ग्रामीणों के खेतों में लहलहाते धान की फसल को बुरी तरह तहस-नहस कर दिया। हाथियों का उत्पात एक के बाद एक दोनों स्थानों पर चला और सुबह होने से पहले हाथियों ने तान नदी को पार कर पसान सर्किल के पोड़ीकला पहुंचा गया और वहां के जंगल में विश्राम करने लगा है। वर्तमान में हाथियों का दल यहीं पर मौजूद है।
परला व बरदापखना के पीडि़त ग्रामीणों द्वारा वन विभाग को सूचना दिए जाने पर वन विभाग का अमला मौके पर पहुंचकर नुकसानी के आंकलन में जुट गया है। उधर केंदई रेंज में भी 12 हाथियों के दल ने अचानक दस्तक दे दी। पड़ोसी सूरजपुर जिले के जंगल से आए हाथियों ने केंदई रेंज के मदनपुर सर्किल में काफी देर तक विचरण करने के बाद आगे का रूख किया और जंगल के रास्ते सरगुजा वनमंडल के उदयपुर जंगल क्षेत्र में प्रवेश कर वहां विश्राम करने लगा।
इधर कोरबा वनमंडल के करतला रेंज में भी 25 हाथियों के सक्रिय रहने की खबर है। जिनमें से 15 हाथी लबेद क्षेत्र में विगत दो-तीन दिनों से उत्पात मचा रहे थे लेकिन बीती रात पहाड़ पर चढने के साथ शांत हो गए हैं। वहीं चिकनीपाली पहाड़ पर 9 हाथी पहले से डेरा डाले हुए हैं। छाल रेंज से आए दंतैल ने ब्लॉक मुख्यालय करतला के निकट स्थित बड़मार गांव में पहुंचकर जमकर उत्पात मचाया। इस दौरान दंतैल ने खेतों में लगे धान की फसल को तहस-नहस कर दिया है। दंतैल के उत्पात से 10 ग्रामीण प्रभावित हुए हैं, जिनकी फसल बुरी तरह बर्बाद हो गई है।
