ईंट से हमला कर ग्रामीण की हत्या, पिता और दो नाबालिग बेटे हिरासत में

कोरबा, 16 अक्टूबर। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के पाली थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम जमनीमूड़ा में विवाद के बाद एक ग्रामीण की हत्या का मामला सामने आया है। आरोप है कि नारायण सिंह पोर्ते और उसके दो बेटों ने कुसाल सिंह कंवर के सिर और कनपटी पर ईंट से हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया। अस्पताल में इलाज के दौरान कुसाल सिंह की मौत हो गई। मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए पाली पुलिस ने मुख्य आरोपी नारायण सिंह पोर्ते को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जबकि घटना में शामिल दो विधि से संघर्षरत बालकों को बाल संप्रेक्षण गृह भेजा गया है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, 14 अक्टूबर 2026 को शाम करीब 6 से 7 बजे के बीच मृतक कुसाल सिंह कंवर का आरोपी नारायण सिंह पोर्ते और उसके दो बेटों के साथ विवाद हो गया था। विवाद के दौरान आरोपियों ने कथित तौर पर ईंट से हमला कर कुसाल सिंह के सिर और कनपटी पर गंभीर चोट पहुंचाई।
घटना के बाद घायल कुसाल सिंह को 108 एंबुलेंस की सहायता से उपचार के लिए शासकीय अस्पताल पाली ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस ने तत्काल अपराध दर्ज कर मामले की जांच शुरू की।
मामले की गंभीरता को देखते हुए कोरबा पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक लखन पटले, कटघोरा के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, एसडीओपी कटघोरा विजय सिंह राजपूत और थाना प्रभारी पाली के मार्गदर्शन में पुलिस टीम ने कार्रवाई की।
पुलिस ने घेराबंदी कर ग्राम जमनीमूड़ा निवासी 44 वर्षीय नारायण सिंह पोर्ते को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार किया। इसके बाद आरोपी के विरुद्ध पर्याप्त साक्ष्य पाए जाने पर उसे न्यायिक रिमांड के लिए जेएमएफसी न्यायालय पाली में पेश किया गया। न्यायालय से जेल वारंट जारी होने के बाद उसे उपजेल कटघोरा दाखिल कराया गया।
इस मामले में शामिल दोनों विधि से संघर्षरत बालकों को भी पुलिस ने हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के अनुसार, दोनों ने भी घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार की। नियमानुसार दोनों को किशोर न्याय बोर्ड, कोरबा के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां से उन्हें बाल संप्रेक्षण गृह भेज दिया गया।
