हाथियों के दल ने बेहरचुआ में धान के फसलो को किया तहस-नहस

कोरबा, 6 अक्टूबर। जिले के करतला वन परिक्षेत्रांतर्गत बेहरचुआ गांव में बीती रात सक्ती जिले से अचानक धमके हाथियों के दल ने उत्पात मचाते हुए 9 ग्रामीणों की धान की फसल को तहस-नहस कर दिया और सुबह होने से पहले वापस लौटकर सक्ती क्षेत्र के जंगल में विश्राम करने लगा है। ग्रामीणों को हाथियों के आने तथा फसल रौंदे जाने की जानकारी तब लगी जब वे आज सुबह अपने खेतों में पहुंचे तो वहां फसल को तहस-नहस पाया।
इसकी तत्काल सूचना वन विभाग को दी गई, जिसके बाद वन विभाग का अमला मौके पर पहुंचा और नुकसानी का आंकलन शुरू कर दिया है। करतला रेंज के ही कोटमेर क्षेत्र में एक दंतैल हाथी विचरण कर रहा है। इस हाथी ने भी उत्पात मचाते हुए जहां तीन ग्रामीणों के फसल को तहस-नहस कर दिया, वहीं खेतों की रखवाली के लिए एक ग्रामीण द्वारा बनाए गए झोपड़ीनुमा झाला को तोड़ दिया है। दंतैल के उत्पात से ग्रामीण परेशान हैं।
उधर कटघोरा वनमंडल के एतमानगर रेंज के मड़ई सर्किल में भी एक लोनर हाथी की दस्तक से हडकंप मच गया है। लोनर को आज सुबह क्षेत्र में विचरण करते हुए देखा गया। तत्पश्चात् वन अमला सतर्क हो गया है और गांव में मुनादी का सिलसिला शुरू कर दिया है। उधर पसान रेंज में 52 हाथी लगातार सक्रिय है और क्षेत्र में फसल को रौंद रहे हैं। हाथियों की निगरानी के लिए विभाग द्वारा ड्रोन कैमरे के अलावा मैदानी अमले की मदद ली जा रही है। बावजूद इसके विभाग हाथियों के उत्पात को रोकने में अब तक नकारा साबित हुआ है।
