नियमों का उल्लंघनः शहर के मुख्य मार्ग पर भारी वाहनों का हो रहा संचालन

कोरबा 19 जुलाई। शहर में भारी वाहनों के संचालन को लेकर प्रशासन लगातार यह दावा कर रहा है कि कोयला, राखड़ और अन्य भारी वाहन केवल रिंग रोड से ही संचालित होंगे, ताकि शहर के भीतर यातायात सुचारु रहे और लोगों को जाम व दुर्घटनाओं से राहत मिल सके। लेकिन जमीनी हकीकत प्रशासनिक दावों से बिल्कुल अलग नजर आ रही है। हर सुबह स्टेडियम क्षेत्र से ट्रांसपोर्ट नगर चौक, वहां से एसईसीएल मार्ग और रिकाडो मार्ग तक बड़ी संख्या में कोयला और राखड़ से लदे ट्रेलरों का आवागमन देखा जा रहा है।
भारी वाहनों की लगातार आवाजाही के कारण इन मार्गों पर यातायात बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। स्कूल-कॉलेज जाने वाले विद्यार्थियों, नौकरीपेशा लोगों, व्यापारियों और आम नागरिकों को रोजाना जाम की समस्या से जूझना पड़ रहा है। कई बार एंबुलेंस और अन्य अत्यावश्यक सेवाओं के वाहनों को भी जाम में फंसना पड़ता है, जिससे गंभीर परिस्थितियां उत्पन्न होने का खतरा बना रहता है। प्रशासन एक ओर यातायात नियमों के कड़ाई से पालन की बात करता है, वहीं दूसरी ओर दिनदहाड़े शहर के मुख्य मार्गों पर भारी वाहनों का संचालन नियमों की धज्जियां उड़ाता नजर आ रहा है। इससे यह सवाल भी उठ रहे हैं कि यदि भारी वाहनों के लिए रिंग रोड का नियम लागू है, तो शहर के भीतर इनके प्रवेश की अनुमति किसके निर्देश पर दी जा रही है? यदि कोई अधिकृत अनुमति नहीं है, तो नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों और संबंधित परिवहन कंपनियों पर कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही?
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि समय रहते इस व्यवस्था पर प्रभावी नियंत्रण नहीं किया गया तो शहर में जाम, सडक दुर्घटनाओं और प्रदूषण की समस्या और गंभीर हो सकती है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि रिंग रोड से भारी वाहनों के संचालन के नियम का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराया जाए तथा शहर के भीतर नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जाए।
