पहलगाम और पुलवामा हमले का अपराधी हमजा बुरहान को मारी गई गोली, 2022 से अबतक 27 आतंकी मारे गए

नई दिल्ली. जम्मू-कश्मीर के पहलगाम हमले का हैंडलर और पुलवामा में सीआरपीएफ के बंकर पर 18 नवंबर, 2020 में हुए ग्रेनेड हमले में शामिल आतंकी हमजा बुरहान उर्फ ‘डॉक्टर’ की पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) के मुजफ्फराबाद में ‘अज्ञात हमलावरों’ ने गोली मारकर हत्या कर दी। हमलावरों ने उसके ऑफिस में घुसकर करीब से कई गोलियां दागीं, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हमजा आतंकी संगठन अल-बद्र का प्रमुख कमांडर था और जैश-ए-मोहम्मद के साथ घाटी में आतंकी गतिविधियों को अंजाम दे रहा था। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने उसे वर्ष 2022 में आतंकवादी घोषित किया था। बुरहान पुलवामा के खरबतपोरा, रत्नीपोरा गांव का रहने वाला था। उसका असली नाम अर्जुमंद गुलजार डार था।
ट्रेनिंग लेकर बना कमांडर
पुलवामा में ग्रेनेड हमले के बाद हमजा पाकिस्तान गया। इसके बाद पीओके जाकर आतंकी संगठन ‘अल बद्र में शामिल हो गया। यहां उसे ट्रेनिंग देकर कमांडर बना दिया। इसके बाद इसने. कश्मीर के कई युवाओं को ‘अल बद्र’ में शामिल किया। इसने कई युवाओं को पाकिस्तान भी बुला लिया।
पहचान छिपाकर शिक्षक बन गया था
हमजा मुजफ्फराबाद (पीओके) में एक शिक्षक के रूप में रहा था, ताकि किसी को उसकी असली गतिविधियों पर शक न हो। वह अबू दुजाना, अबू कासिम, बुरहान वानी और जाकिर मूसा का करीबी सहयोगी था।
2022 से अब तक मारे गए 27 आतंकी
पाकिस्तान में 2022 से अब तक 27 आतंकियों की हत्या हो चुकी है। इनमें से कई को अज्ञात हमलावरों ने मार है। 16 अप्रेल को जैश संस्थापक आमिर हमजा की गोलीमार कर हत्या कर दी थी। 31 मार्च को जैश सरगना मसूद अजहर के भाई मोहम्मद ताहिर अनवर की रहस्यमयी परिस्थितियों में मौत हो गई। 21 मार्च को लश्कर आतंकी के गढ़ मुरीदके में आतंकी कमांडर बिलाल आरिफ सलाफी की हत्या कर दी गई। इसे पहले चाकुओं से गोदा और फिर गोली मार दी गई। इन हत्याओं के बाद आतंकियों में अज्ञात हमलावर को लेकर दहशत है।
