चीन में पीएम मोदी, पुतिन और चिनफिंग की तिकड़ी ने दुनिया में मचाई हलचल, रूसी विदेश मंत्री ने कही ये बात

नईदिल्ली 08 सितम्बर । रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने रविवार को कहा कि रूस, भारत और चीन विभिन्न क्षेत्रों में अपने साझा हितों के प्रति जागरूक हैं और उनमें आपसी साझेदारी विकसित करने की स्पष्ट प्रवृत्ति है।लावरोव पिछले हफ्ते चीन के तियानजिन शहर में शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) शिखर सम्मेलन में तीनों देशों के नेताओं द्वारा प्रदर्शित सौहार्दपूर्ण माहौल का जिक्र कर रहे थे।
एससीओ शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग का घेरा बनाकर एवं एक दूसरे का हाथ पकडक़र बातचीत करने की घटना ने वैश्विक सुर्खियां बटोरी थीं। इसके बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक पोस्ट में बेहद गहरे और अंधकारमय चीन के हाथों भारत और रूस के खो जाने पर खेद व्यक्त किया था।एक साक्षात्कार में अटकलों को दरकिनार करते हुए लावरोव ने स्पष्ट किया, इसका मतलब यह नहीं है कि सब कुछ 100 प्रतिशत समान है; लेकिन चीन, रूस एवं भारत में अपनी साझेदारी विकसित करने और उन क्षेत्रों से पारस्परिक लाभ प्राप्त करने की प्रवृत्ति है जहां हमारे हित समान हैं।
उन्होंने बताया कि तीनों देशों के साझा हित अर्थव्यवस्था के विकास, सामाजिक समस्याओं के समाधान और आबादी के जीवन स्तर में सुधार में निहित हैं। हालांकि एससीओ शिखर सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य अपने सदस्य देशों के बीच गहरी सुरक्षा और आर्थिक पूरकता सुनिश्चित करना था, लेकिन ज्यादा ध्यान मोदी, पुतिन एवं चिनफिंग के बीच सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित सौहार्दपूर्ण माहौल ने आकर्षित किया, जो तीनों प्रमुख शक्तियों के बीच व्यापक एकजुटता का संकेत है।
