Big news: अनुकंपा नियुक्ति को किसी अधिकार के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम फैसला: दिवंगत कमिश्नर के बेटे को अनुकंपा नियुक्ति से इनकार
नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने अनुकंपा नियुक्ति के मामले में अहम फैसले में एक युवक को उसके पिता के निधन के बाद नौकरी का आदेश देने से इनकार कर दिया।
आपको बता दें कि युवक रवि के पिता सेंट्रल एक्साइज में प्रधान आयुक्त थे। उनका अगस्त 2015 में निधन हो गया था। रवि ने राजस्थान के जयपुर जोन में सीजीएसटी या सेंट्रल एक्साइज के मुख्य आयुक्त कार्यालय में अनुकंपा नियुक्ति की मांग की थी।
सुप्रीम कोर्ट ने कहा, याचिकाकर्ता के पिता ने परिवार के लिए दो मकान, 33 एकड़ जमीन और 85 हजार रुपए की मासिक पेंशन छोड़ी है। अनुकंपा नियुक्ति को किसी अधिकार के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले राजस्थान हाईकोर्ट और सेंट्रल एडमिनिस्ट्रेटिव ट्रिब्यूनल ने रवि की अनुकंपा नियुक्ति की याचिका खारिज कर दी थी। कोर्ट ने विभाग के इस तर्क को स्वीकार किया कि परिवार के पास आवश्यक संसाधनों की कोई कमी नहीं है।
