राजा रघुवंशी मर्डर केस में नया मोड़, बेवफा सोनम ने किसे किया 119 बार काल? मेघालय पुलिस जुटी पतासाजी में, करेगी पर्दाफाश

इंदौर: राजा रघुवंशी मर्डर केस में एक नया मोड़ आया है. मेघालय पुलिस की जांच में सामने आया है कि सोनम रघुवंशी एक संदिग्ध युवक संजय वर्मा से घंटों बातें करती थी. संजय वर्मा को कॉल करने पर उनका नंबर स्विच ऑफ जा रहा है.
जानकारी के अनुसार 1 मार्च से 25 मार्च के बीच में सोनम ने 119 बार संजय वर्मा को कॉल किया था. अब देखना यह होगा कि संजय कौन है और राजा रघुवंशी मामले में इसका क्या रोल रहा होगा? राजा रघुवंशी की 23 मई को शिलॉन्ग में हत्या कर दी गई थी. पुलिस ने इस मामले में अभी तक सोनम समेत 5 लोगों को गिरफ्तार किया है.
राजा रघुवंशी जब इंदौर के अपने घर से निकला था, तब का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है. इस वीडियो में राजा के हाथ में वही सफेद रंग का बैग दिखाई दे रहा है, जो कि शिलॉन्ग में जब होटल में सोनम के साथ गया था. यहां राजा और सोनम को बुकिंग फुल होने के कारण यहां रूम नहीं मिला था. तब स्कूटी पर यह बैग भी दिखा था, जब राजा, सोनम के साथ था.
दूसरी ओर राजा के बड़े भाई सचिन ने आरोप लगाया कि ये कोई आम हत्या नहीं थी. ये एक नरबलि थी. सचिन का दावा है कि सोनम और उसके परिवार ने तंत्र क्रिया कर राजा की बलि दी. सचिन का आरोप है कि सोनम के पिता को दो बार हार्ट अटैक आ चुका था. उनका मानना है कि काले जादू की मदद से राजा की बलि देकर उन्होंने अपने पिता की सेहत ठीक करने की कोशिश की. राजा की मौत से पहले, उनके घरवालों ने देखा कि किसी ने उनकी उल्टी तस्वीर दीवार पर लगाई थी. शक और डर की लकीरें वहीं से शुरू हुईं.
पुलिस ने इस मामले में सोनम और उसके प्रेमी राज कुशवाहा समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है. सोनम ने पुलिस के सामने अपना जुर्म कबूल कर लिया है और कहा है कि उसने अपने पति की हत्या में शामिल थी. राजा के भाई विपिन रघुवंशी ने दावा किया है कि सोनम और राज कुशवाहा तो बस मोहरे थे, असली साजिशकर्ता अभी सामने आना बाकी है.
वहीं, राजा रघुवंशी के परिजनों ने आरोपी सोनम रघुवंशी और राज कुशवाहा का नार्को टेस्ट कराए जाने की मांग की है. राजा के भाई सचिन रघुवंशी ने कहा कि यह हत्या सिर्फ एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि सोची-समझी साजिश का हिस्सा है और इसमें कई अन्य लोग भी शामिल हो सकते हैं. राजा रघुवंशी के परिजन न सिर्फ सोनम और राज का नार्को टेस्ट चाहते हैं, बल्कि इस पूरे मामले की गहराई से जांच कर उन सभी लोगों के नाम उजागर करने की मांग कर रहे हैं, जो इस साजिश में शामिल हो सकते हैं.
