अंतरिक्ष यात्री कैसे धोते हैं अपने कपड़े? आइये, यहां जानते हैं… !

नईदिल्ली। धरती पर बेहद सामान्य लगने वाले काम अंतरिक्ष पर प्रतिकूल वातावरण के कारण बहुत मुस्किल हो जाते हैं। कपड़े धोना भी इनमें से एक है। यह इसलिए भी अहम हो जाता है, क्योंकि अंतरिक्ष यात्रियों को वजन नियंत्रित रखने के लिए नियमित कसरत करनी होती है। इससे कपड़े जल्दी बदलने पड़ते हैं, लेकिन अंतरिक्ष में पानी तो होता नहीं है। यात्रियों को पीने के लिए भी उपयोग किए गए पानी को रिसाइकिल करना पड़ता है। ऐसे में कपड़े धोने के लिए तो पानी मिलने से रहा। दुर्गंध और इंफेक्शन के चलते गंदे कपड़े ज्यादा दिन तक पहने भी नहीं जा सकते। अब सवाल उठता है कि क्या वे कपड़े धोते ही नहीं हैं? यह सच है। अंतरिक्ष यात्री कपड़े नहीं धोते, मगर लगातार बदलते हैं और एक कपड़े को एक ही बार पहनते हैं।

कितने कपड़े लेकर जाते हैं?

यात्री अंतरिक्ष में लंबा समय गुजारते हैं। औसतन अंतरिक्ष मिशन छह माह का होता है। सबसे लंबा अंतरिक्ष मिशन एक साल दो महीने का था। एक यात्री के एक माह के कपड़ों का वजन करीब छह किलोग्राम होता है। पूरे साल के लिए यह करीब 70 किलोग्राम के आसपास रहता है, जो काफी जगह घेरता है।

गंदे कपड़ों का क्या होता है

अंतरिक्ष यात्री लेलैंड मेल्विन ने 2021 में एक इंटरव्यू में बताया था कि पृथ्वी की तरह ही अंतरिक्ष में नियमित रूप से कसरत करनी होती है। इससे कपड़े गीले और बदबूदार हो जाते हैं। वे सप्ताह में दो बार कपड़े बदलते हैं। गंदे कपड़े इधर-उधर तैरते रहते हैं। अंत में उनको एक कार्गो कंटेनर में संग्रहित कर पृथ्वी के वायुमंडल में जलने के लिए छोड़ दिया जाता है।

नए विकल्प की तलाश

दुनियाभर की अंतरिक्ष एजेंसियां अंतरिक्ष मिशन पर कपड़ों का वजन कम करने पर काम कर रही हैं। जापानी अंतरिक्ष यात्री कोइची वाकाटा ने बैक्टीरिया-रोधी अंडरगारमेंट्स को करीब एक माह तक पहना था और उन्हें कोई दिक्कत नहीं हुई थी। 2021 में नासा ने ‘प्रॉक्टर एंड गैंबल’ के साथ साझेदारी कर अंतरिक्ष के अनुकूल वॉशर और ड्रायर पर काम शुरू किया है, जो न्यूनतम मात्रा में पानी का उपयोग करेगा। 2023 में ‘प्रॉक्टर एंड गैंबल’ ने दावा किया कि उसका उत्पाद ‘टाइड इनफिनिटी’ अंतरिक्ष में बेहतरीन काम कर सकता है। उसका वॉशर 10 पाउंड कपड़ों के लिए केवल 3 गैलन पानी का उपयोग करता है, जो पारंपरिक लोड का करीब आधा है, हालांकि अभी यह उपयोग में नहीं है।

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