तिरंगा यात्रा में उल्टा राष्ट्रीय ध्वज ले जाना गंभीर लापरवाही, भाजपा नेताओं को देश से माफी मांगनी चाहिए: मुकेश कुमार राठौर

कोरबा. स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर देशभर में तिरंगा यात्राओं के माध्यम से राष्ट्रभक्ति का संदेश दिया जा रहा है, वहीं कोरबा के बालको क्षेत्र में आयोजित तिरंगा यात्रा के दौरान राष्ट्रीय ध्वज को कथित रूप से उल्टा लेकर चलने का मामला सामने आना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण एवं चिंताजनक है।
कोरबा जिला कांग्रेस अध्यक्ष मुकेश कुमार राठौर ने इस घटना पर कड़ा विरोध दर्ज कराते हुए कहा कि तिरंगा किसी राजनीतिक दल का झंडा नहीं, बल्कि देश की आन-बान-शान और करोड़ों भारतीयों के सम्मान एवं गौरव का प्रतीक है। राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान और उसकी निर्धारित मर्यादाओं का पालन करना प्रत्येक नागरिक का संवैधानिक एवं नैतिक दायित्व है।
राठौर ने कहा कि बालको में आयोजित तिरंगा यात्रा में भाजपा के मंडल अध्यक्ष, वरिष्ठ पदाधिकारियों तथा पूर्व नेता प्रतिपक्ष एवं पार्षद सहित अनेक जिम्मेदार लोग मौजूद थे। ऐसे में यदि यात्रा के दौरान किसी के हाथ में राष्ट्रीय ध्वज उल्टा था और यह स्थिति गलियों एवं मोहल्लों से गुजरती पूरी यात्रा के दौरान बनी रही, तो यह केवल सामान्य मानवीय भूल कहकर मामले को समाप्त नहीं किया जा सकता। सवाल यह है कि यात्रा का नेतृत्व और निगरानी कर रहे जिम्मेदार पदाधिकारियों ने राष्ट्रीय ध्वज की स्थिति पर ध्यान क्यों नहीं दिया?
उन्होंने कहा कि इससे भी गंभीर बात यह है कि मामला सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर प्रसारित संबंधित तस्वीरों और वीडियो को हटाए जाने की चर्चा है। यदि भाजपा नेताओं से वास्तव में कोई भूल हुई है तो उसे छिपाने अथवा संबंधित सामग्री हटाने के बजाय सार्वजनिक रूप से अपनी गलती स्वीकार कर देशवासियों से माफी मांगनी चाहिए। चित्र में स्पष्ट तौर पर देखा जा सकता है कि अगली पंक्ति में चल रहे कोरबा निगम के पूर्व नेता प्रतिपक्ष हितानंद अग्रवाल के हाँथ में उल्टा तिरंगा है.
मुकेश कुमार राठौर ने कहा कि भाजपा लगातार राष्ट्रवाद और देशभक्ति की राजनीति का दावा करती है। ऐसे में जनता यह जानना चाहती है कि क्या राष्ट्रवाद केवल भाषणों और नारों तक सीमित है, अथवा राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान की वास्तविक जिम्मेदारी भी भाजपा नेता निभाएंगे? उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी इस घटना को किसी राजनीतिक विवाद का विषय बनाने के बजाय राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान से जुड़ा गंभीर विषय मानती है। इसलिए भाजपा संगठन को तत्काल इस पूरे मामले की जांच कराकर जिम्मेदारी तय करनी चाहिए तथा दोषी पाए जाने वाले पदाधिकारियों से सार्वजनिक स्पष्टीकरण लेना चाहिए।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने प्रशासन से भी आग्रह किया कि यदि राष्ट्रीय ध्वज के निर्धारित नियमों एवं मर्यादाओं का उल्लंघन हुआ है तो नियमों के अनुसार उचित कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में किसी भी राजनीतिक अथवा सामाजिक आयोजन में राष्ट्रीय ध्वज के प्रति ऐसी लापरवाही दोबारा न हो। उन्होंने कहा, ”तिरंगे को हाथ में लेना केवल फोटो खिंचाने या राजनीतिक प्रदर्शन का विषय नहीं है। तिरंगा हमारे स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान, देश की संप्रभुता और प्रत्येक भारतीय के गौरव का प्रतीक है। इसके सम्मान में जरा-सी भी लापरवाही स्वीकार नहीं की जा सकती।“
श्री राठौर ने भाजपा से स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि गलती हुई है तो देश से माफी मांगें, जिम्मेदारी तय करें और भविष्य में ऐसी पुनरावृŸिा न हो, यह सुनिश्चित करें। कांग्रेस पार्टी राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान के मामले में किसी भी प्रकार की लापरवाही को बर्दाश्त नहीं करेगी।
