रायपुर IIM दीक्षांत समारोह में बोले विदेश मंत्री जयशंकर, “अवसर के साथ जिम्मेदारी भी जरूरी”

रायपुर। विदेश मंत्री एस. जयशंकर अपने रायपुर प्रवास के दौरान भारतीय प्रबंधन संस्थान (IIM) के 15वें दीक्षांत समारोह में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि वे ऐसे समय में ग्रेजुएट हो रहे हैं जब भारत वैश्विक मंच पर तेजी से उभर रहा है।

उन्होंने कहा कि आज भारत जनसांख्यिकीय ऊर्जा, तकनीकी क्षमता और वैश्विक जुड़ाव के संगम पर खड़ा है। डिजिटल इनोवेशन, मैन्युफैक्चरिंग, फाइनेंस और एंटरप्रेन्योरशिप जैसे क्षेत्रों में भारतीय पेशेवरों की भूमिका लगातार बढ़ रही है। उन्होंने छात्रों से कहा कि अवसर के साथ जिम्मेदारी भी आती है और वे भविष्य के लीडर के रूप में देश की दिशा तय करेंगे।

समारोह में IIM रायपुर ने कुल 552 छात्रों को डिग्रियां प्रदान कीं, जिसमें 8 पीएचडी और 9 गोल्ड मेडल शामिल रहे। प्लेसमेंट में 167 रिक्रूटर्स ने हिस्सा लिया, जिनमें 45 नए रिक्रूटर्स शामिल थे। इस वर्ष का सबसे बड़ा पैकेज 42.66 लाख रुपये रहा।

बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के चेयरपर्सन पुनीत डालमिया ने छात्रों को ईमानदारी और निरंतर सीखने की सीख दी, वहीं प्रभारी निदेशक प्रो. संजीव प्रशार ने कहा कि सच्ची सफलता अनुशासन और समर्पण से मिलती है।

Spread the word