व्यापार से एआई-सेमीकंडक्टर तक पहुंचे भारत और नीदरलैंड्स के आपसी रिश्ते, हुई बड़ी डील

हेग. भारत और नीदरलैंड्स ने अपने रिश्तों को ‘रणनीतिक साझेदारी’ के स्तर तक पहुंचाने का फैसला किया। प्रधानमंत्री मोदी और नीदरलैंड्स के प्रधानमंत्री रॉब जेटन के बीच हुई व्यापक वार्ता में रक्षा, सेमीकंडक्टर, ऊर्जा, जल प्रबंधन, साइबर सुरक्षा, व्यापार, शिक्षा और समुद्री सहयोग समेत कई अहम क्षेत्रों में साझेदारी को मजबूत करने पर सहमति बनी। नीदरलैंड्स ने पहलगाम आतंकी हमले की कड़ी निंदा करते हुए आतंकवाद के खिलाफ भारत के प्रति समर्थन दोहराया।
प्रधानमंत्री मोदी और पीएम जेटन ने सेमीकंडक्टर क्षेत्र में सहयोग को भविष्य की रणनीतिक साझेदारी का अहम स्तंभ बताया। डच सेमीकंडक्टर कॉम्पिटेंस सेंटर और भारतीय सेमीकंडक्टर मिशन के बीच सहयोग बढ़ाने पर भी सहमति बनी। दोनों देशों ने हरित हाइड्रोजन विकास के लिए भारत-नीदरलैंड रोडमैप लॉन्च किया। नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर भी सहमति बनी।
रणनीतिक सहयोगः व्यापार, रक्षा, सेमीकंडक्टर, एआई, क्वांटम कंप्यूटिंग और समुद्री सुरक्षा पर सहयोग बढ़ाने का फैसला।
मोबिलिटीः भारतीय छात्रों और पेशेवरों के लिए आसान वीजा नियम। इंटर्नशिप, पढ़ाई और लंबी अवधि के काम के अवसर बढ़ेंगे।
क्रिटिकल मिनरल्सः सप्लाई चेन मजबूत करने और निवेश बढ़ाने पर सहमति।
कल्पसर प्रोजेक्टः गुजरात की परियोजना में डच तकनीकी मदद
ग्रीन हाइड्रोजन रोडमैपः यूरोप में भारत के ग्रीन हाइड्रोजन निर्यात को बढ़ावा देने की योजना।
नवीकरणीय ऊर्जाः इस पर संयुक्त कार्य समूह बनेगा, साझेदारी बढ़ेगी।
फ्लोरीकल्चरः पश्चिम त्रिपुरा में इंडो-डच फ्लॉवर सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, फूलों के निर्यात को बढ़ावा।
डेयरी: बेंगलूरु में इंडो-डच डेयरी ट्रेनिंग सेंटर, आधुनिक डेयरी तकनीक पर सहयोग।
स्वास्थ्यः पब्लिक हैल्थ रिसर्च पर समझौता।
कस्टमः द्विपक्षीय व्यापार को आसान और सुरक्षित बनाने पर सहमति ।
उच्च शिक्षाः संयुक्त डिग्री कार्यक्रम और अकादमिक एक्सचेंज
विश्वविद्यालयः नालंदा विश्वविद्यालय और यूनिवर्सिटी ऑफ ग्रोनिनगेन में सहयोग
दोनों नेताओं ने पश्चिम एशिया में जारी तनाव पर बात करते हुए होर्मुज स्ट्रेट में किसी भी प्रतिबंधात्मक उपाय का विरोध किया।
