अमरीकी युद्धपोतों पर ईरानी मोस्कीटो फ्लीट ने किया हमला, पर युद्धविराम जारी रहने का दावा

तेहरान/वाशिंगटन. अमरीका और ईरान के बीच होर्मुज को लेकर फिर भीषण संघर्ष हुआ। स्ट्रेट को पार करने की कोशिश कर रहे तीन अमरीकी युद्धपोतों पर ईरानी मोस्कीटो फ्लीट ने मिसाइल व गोलीबारी कर हमले किये। अमरीकी युद्धपोतों ने भी जवाबी कार्रवाई कर हमला नाकाम करने का दावा किया। राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि तीन अमरीकी युद्धपोत सुरक्षित तरीके से होर्मुज स्ट्रेट से गुजरए गए, जबकि उन पर हमला किया गया था। ट्रंप ने लेजर हथियार से फायर करने की एक फोटो भी टुथ पर पोस्ट की है। ईरान ने आरोप लगाया कि अमरीकी सेना ने होर्मुज के पास केश्म पोर्ट और बंदर अब्बास पर हमले किए। अमरीकी सैन्य अधिकारी के अनुसार यह ऑपरेशन सीमित दायरे में था। यूएई ने शुक्रवार को भी मिसाइल व ड्रोन हमले किए जाने का आरोप लगाया।
सैन्य झड़पों के बावजूद दोनों देशों ने युद्धविराम जारी रहने का दावा किया है। ईरान के उपराष्ट्रपति ने जल्द बड़ी जीत का दावा किया है। वहीं, अमरीकी राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा है कि अभी युद्धविराम लागू है।
ईरानी विदेश मंत्री ने दी चेतावनी…
ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराधघची ने अमरीका को धमकी दी है। साथ ही मिसाइल भंडार नष्ट होने की अमरीकी मीडिया रिपोर्ट्स को बकवास करार दिया। कहा कि हमारे मिसाइल भंडार 1000 प्रतिशत तक तैयार हैं। जब कोई समाधान सामने आता है तो अमरीका सैन्य दुस्साहस का रास्ता चुनता है। ईरानी लोग दबाव में नहीं झुकते।
होर्मुज पर जल्द बन सकती है सहमति
अमरीका-ईरान के बीच होर्मुज स्ट्रेट खोलने को लेकर जल्द सहमति बन सकती है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार अमरीका समुद्री नाकेबंदी खत्म करेगा। ईरान भी होर्मुज खोलेगा। जिसके बाद होर्मुज में फंसे सैकड़ों जहाज निकल सकते हैं।
आईआरजीसी ने नई व्यवस्था लागू की
होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने के लिए ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने नई व्यवस्था लागू कर दी है। पर्शियन गल्फ स्ट्रेट अथॉरिटी की स्थापना के साथ होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की आवाजाही की निगरानी रखी जाएगी। अनुमति के साथ सख्त प्रोटोकॉल का पालन करना होगा।
