बालको यूनियन कार्यालय के पास अतिक्रमणः पदाधिकारियों ने जिलाधीश से शिकायत कर कानूनी कार्रवाई की मांग की

कोरबा 08 फरवरी। शहर के प्रमुख औद्योगिक क्षेत्र बालको नगर में श्रमिक संगठन अल्युमिनियम कामगार संघ के कार्यालय से जुड़े कार्यकर्ताओं ने अवैध अतिक्रमण और धमकी भरे व्यवहार की शिकायत जिला प्रशासन से की है। संगठन के पदाधिकारियों ने जिलाधीश को एक आवेदन सौंपकर तत्काल कानूनी कार्रवाई, दोषियों पर कठोर दंडात्मक कदम उठाने और कार्यकर्ताओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने की गुहार लगाई है।
श्रमिक संगठन के अनुसार, आदर्श बाल मंदिर स्कूल के पास स्थित मकान क्रमांक 201/6, जिसे एकता पीठ के नाम से भी जाना जाता है, वर्षों से यूनियन कार्यालय के रूप में संचालित हो रहा है। इसी कार्यालय के सामने का खुला स्थान संगठन के कार्यकर्ता वाहनों की पार्किंग के लिए उपयोग करते हैं।
आरोप है कि 6 फरवरी 2025 की रात लगभग प्रातः 3 से 4 बजे के बीच कुछ अज्ञात लोगों ने बाँस-बल्ली, लकड़ी और तिरपाल लगाकर इस पार्किंग स्थल पर अवैध कब्जा जमाने की कोशिश की। जब यूनियन सदस्यों ने उन्हें समझाने का प्रयास किया, तो वे लोग यूनियन कार्यालय में घुस आए, अभद्र भाषा का प्रयोग किया और गाली-गलौज करने लगे। इतना ही नहीं, आरोपियों ने कार्यालय में तोडफोड़ करने और सबकुछ उखाड़ फेंकने की धमकी भी दी। राजनीतिक दबाव और मानसिक प्रताडना यूनियन कार्यकर्ताओं ने बताया कि ये कथित अज्ञात तत्व अपने राजनीतिक संपर्क और नगर के कुछ प्रभावशाली व्यक्तियों का हवाला देकर दबाव बनाने की कोशिश करते रहे। उनका मकसद था कि यूनियन के सदस्य पार्किंग स्थल पर अवैध कब्जा करने की अनुमति दे दें। आरोपियों ने न सिर्फ यूनियन कार्यालय बल्कि कार्यकर्ताओं के निजी आवासों तक पहुंचकर भी दुर्व्यवहार किया। इन धमकियों और दबावों के चलते संगठन के सदस्य और उनके परिवारजन भयभीत और मानसिक रूप से परेशान हैं।
संगठन का कहना है कि इस तरह की घटनाएँ पहले भी हो चुकी हैं, जिनकी शिकायत मौखिक एवं लिखित रूप से नगर प्रशासन और बालको प्रबंधन से की गई थी। बावजूद इसके, अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं निकला है। कार्यकर्ताओं को आशंका है कि इस तरह के अवैध अतिक्रमण और धमकी भरी गतिविधियों से इलाके की कानून-व्यवस्था बिगड़ सकती है।
अपीलः सुरक्षा और कानून-व्यवस्था की माँगः- यूनियन के अध्यक्ष बी.एल. नेताम ने आवेदन में जिलाधीश महोदय से तत्काल संज्ञान लेकर अतिक्रमण पर रोक, दोषियों के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई और संगठन के कार्यकर्ताओं व उनके परिवारों को सुरक्षा प्रदान करने की माँग की है। उनका कहना है कि जब तक इस समस्या का मूल समाधान नहीं निकलता, भय का माहौल बना रहेगा और रोजमर्रा के कामकाज में बाधा आती रहेगी।
पुलिस अधीक्षक, अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व), नगर प्रशासन और थाने के आला अधिकारियों को भी इस शिकायत की प्रतिलिपि भेजी गई है, ताकि समन्वय में शीघ्र एक्शन लिया जा सके। फिलहाल श्रमिक संगठन के कार्यकर्ता किसी ठोस कार्रवाई के इंतजार में हैं और उन्हें उम्मीद है कि जिला प्रशासन इस प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाएगा। यदि प्रशासन इस प्रकरण पर समय रहते कदम उठाता है, तो न केवल यूनियन कार्यकर्ताओं को राहत मिलेगी, बल्कि बालको नगर में शांति और सुरक्षित माहौल भी बहाल हो सकेगा।
