बीजापुर में 30 नक्सलियों ने सरेंडर किया, महाराष्ट्र सीमा में सुरक्षाबलों ने किया चार नक्सलियों को ढेर

ढेर हुए नक्सलियों में एक पुरुष, तीन महिला नक्सली शामिल है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ के मानपूर मोहला अम्बागढ चौकी जिले से सटे महाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले में नक्सल ऑपरेशन को एक बार फिर बड़ी सफलता मिली है। 8 घंटे से जारी भीषण मुठभेड़ में महाराष्ट्र फोर्स ने छत्तीसगढ़ सीमा पर चार सशस्त्र नक्सलियों को मार गिराया है। ढेर किए गये नक्सलियों में एक पुरुष तीन महिला नक्सली शामिल है। घटनास्थल से हथियार और नक्सली सामग्री बरामद किया गया है।
महाराष्ट्र नक्सल सेल से मिली जानकारी के अनुसार गढचिरौली एंटी नक्सल यूनिट को मुखबीर से सूचना मिली थी कि गट्टा दलम, कंपनी नंबर 10 और गढ़चिरौली डिवीजन के अन्य माओवादी संगठन के केडर गढ़चिरौली छत्तीसगढ़ सीमा पर कोपरशी वन क्षेत्र में डेरा डाले हुए है।सूचना के आधार पर एएसपी एम. रमेश के नेतृत्व में 19 सी 60 इकाई और सीआरपीएफ क्यूएटी की 2 टुकडी को उक्त वन क्षेत्र में नक्सलियों के तलाश में भेजी गईं। सुरक्षा बल के जवान जैसे ही वन क्षेत्र में पहुचे, नक्सलियों ने उन पर अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी। इस पर सुरक्षा बल के जवानों ने जवाबी कार्रवाई की। रुक रुक कर 8 घंटे तक चली इस मुठभेड़ में एक पुरुष तीन सशस्त्र महिला नक्सली ढेर किए गए हैं।

मुठभेड के बाद जंगल की सर्चिग के दौरान घटनास्थल से नक्सलियों के शव, बडी मात्रा मे नक्सलियो के सामान सहित हथियार बरामद किए है जिनमे एक एसएलआर राइफल दो आईएनएसएएस राइफल और एक 303 राइफल शामिल है। मुठभेड के बाद भारी बारिश के बीच शेष बचे नक्सलियों की तलाश के लिए महाराष्ट्र गढ़चिरौली की एंटी नक्सल फोर्स क्षेत्र मे सघन तलाशी अभियान जारी किए हुए है। शवो को हेलीकाप्टर से गढचिरौली लाया गया।
वहीं दूसरी ओर बीजापुर में बुधवार को 81 लाख रुपए के 20 इनामी समेत 30 नक्सलियों ने सरेंडर किया है। पुलिस और केंद्रीय बल अधिकारियों के सामने इन्होंने हथियार डाल दिए। इसमें DVCM (डिविजनल कमेटी मेंबर) सोनू हेमला उर्फ कोरोटी (8 लाख इनामी) ने अपनी पत्नी के साथ हथियार डाला है।
*सरकार की नवीन पुनर्वास नीति, नियद नेल्ला नार योजना और सुरक्षा बलों की लगातार कार्रवाई से बस्तर तेजी से शांति और विकास की ओर हो रहा अग्रसर – मुख्यमंत्री श्री साय*
*बीजापुर में 81 लाख रुपए के 20 इनामी समेत 30 नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण; पुनर्वास नीति और नियद नेल्ला नार योजना का परिणाम*

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि बीजापुर में 81 लाख रुपए के 20 इनामी समेत 30 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है। यह आत्म समर्पण हमारी सरकार की नवीन पुनर्वास नीति, नियद नेल्ला नार योजना और सुरक्षा बलों की लगातार कार्रवाई का परिणाम है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के मार्गदर्शन और केन्द्रीय गृहमंत्री श्री अमित शाह जी के नेतृत्व में हमारी सरकार ने बस्तर के लोगों का विश्वास जीता है, उसी का परिणाम है कि लगातार माओवादी संगठन कमजोर हो रहे हैं और बड़ी संख्या में वे हिंसा का रास्ता छोड़ रहे हैं। बस्तर अंचल में नक्सलवाद कमजोर हो रहा है और बस्तर तेजी से शांति और विकास की ओर बढ़ रहा है। हमारी डबल इंजन की सरकार मार्च 2026 तक देश को नक्सलमुक्त बनाने के लिए संकल्पबद्ध है।
